-नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने इसे स्वच्छ एवं ग्रीन गाजियाबाद की दिशा में बताया ऐतिहासिक पहल
Indiknow, गाजियाबाद। नगर निगम की ओर से शहर को स्वच्छ, सुंदर एवं आधुनिक बनाने की दिशा में एक और ऐतिहासिक एवं दूरदर्शी कदम उठाया गया है। नगर निगम ने अब खुले में फैले कचरे की समस्या के स्थायी समाधान हेतु आधुनिक वैज्ञानिक तकनीक आधारित कचरा प्रबंधन व्यवस्था प्रारंभ की है, जिसके अंतर्गत खुले कचरे को कंप्रेस कर विशेष कैप्सूल प्रणाली में परिवर्तित किया जाएगा। इस नई व्यवस्था से शहर में खुले कचरे के ढेर, दुर्गंध एवं प्रदूषण की समस्या पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित होगा तथा स्वच्छता व्यवस्था को नई मजबूती मिलेगी।
इस जनहितकारी एवं अभिनव व्यवस्था का शुभारंभ महापौर सुनीता दयाल, नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक एवं अपर नगर आयुक्त अवनींद्र सिंह यादव की गरिमामयी उपस्थिति में संपन्न हुआ। इस अवसर पर महापौर सुनीता दयाल ने कहा कि गाजियाबाद को स्वच्छ, सुंदर एवं हरित शहर बनाना नगर निगम की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक आधारित यह व्यवस्था शहर को खुले कचरे से मुक्त करने में मील का पत्थर सिद्ध होगी। महापौर ने कहा कि स्वच्छता केवल सरकारी अभियान नहीं, बल्कि जनभागीदारी का आंदोलन है और नगर निगम नागरिकों के सहयोग से “स्वच्छ गाजियाबाद — ग्रीन गाजियाबाद” के संकल्प को पूर्ण रूप से साकार करेगा। उन्होंने नगरवासियों से अपील करते हुए कहा कि सभी नागरिक स्वच्छता अभियान में सहभागी बनें और शहर को देश के सबसे स्वच्छ शहरों में शामिल कराने में अपना योगदान दें।
नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने कहा कि गाजियाबाद नगर निगम वैज्ञानिक एवं आधुनिक ठोस अपशिष्ट प्रबंधन प्रणाली को लगातार मजबूत कर रहा है। उन्होंने कहा कि यह नई तकनीक न केवल कचरे के बेहतर निस्तारण में सहायक होगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण की दिशा में भी अत्यंत प्रभावी साबित होगी। नगर आयुक्त महोदय ने कहा कि नगर निगम का लक्ष्य केवल सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाना नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं स्वस्थ वातावरण उपलब्ध कराना है। उन्होंने निगम अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निरंतर नवाचार एवं जनसेवा के प्रति समर्पित भाव से कार्य करने हेतु प्रेरित किया। अपर नगर आयुक्त अवनींद्र सिंह यादव ने कहा कि नगर निगम द्वारा आधुनिक तकनीकों को अपनाते हुए शहर की स्वच्छता व्यवस्था को अधिक प्रभावी एवं व्यवस्थित बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह पहल भविष्य में गाजियाबाद को ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के क्षेत्र में एक मॉडल शहर के रूप में स्थापित करेगी।
इस अवसर पर नामित पार्षद प्रदीप चौधरी ने महापौर सुनीता दयाल, नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक एवं समस्त नगर निगम टीम को इस ऐतिहासिक एवं जनकल्याणकारी पहल हेतु हार्दिक बधाई, आभार एवं धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने कहा कि महापौर के कुशल नेतृत्व एवं नगर आयुक्त की प्रभावशाली कार्यशैली के परिणामस्वरूप गाजियाबाद नगर निगम निरंतर विकास, स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है।प्रदीप चौधरी ने कहा कि “स्वच्छ गाजियाबाद — ग्रीन गाजियाबाद” केवल एक नारा नहीं, बल्कि शहर के उज्ज्वल भविष्य का संकल्प है। उन्होंने नगर निगम द्वारा किए जा रहे विकास कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि नगर हित एवं जनसेवा की प्रत्येक मुहिम में हम सभी 110 पार्षद सदैव नगर निगम प्रशासन के साथ कंधे से कंधा मिलाकर कार्य करते रहेंगे।




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